रायपुर: छत्तीसगढ़ में सड़क इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। लोक निर्माण विभाग (PWD) ने राज्य के विभिन्न जिलों में 15 नई फोरलेन सड़कों के निर्माण के लिए 708 करोड़ 21 लाख 35 हजार रुपये की मंजूरी दी है। इस परियोजना के तहत कुल 90.5 किलोमीटर लंबाई की सड़कों का निर्माण किया जाएगा, जिससे प्रदेश में यातायात व्यवस्था अधिक सुगम और सुरक्षित हो सकेगी।
कई जिलों में होगा सड़क विस्तार
इस योजना के अंतर्गत दुर्ग, रायगढ़, रायपुर, बिलासपुर, जशपुर, कबीरधाम और अंबिकापुर जैसे प्रमुख जिलों में फोरलेन सड़कों का निर्माण और उन्नयन किया जाएगा। दुर्ग जिले में कई प्रमुख मार्गों को चौड़ा करने के लिए करोड़ों रुपये स्वीकृत किए गए हैं, जिनमें स्मृति नगर से आईआईटी जेवरा सिरसा तक का मार्ग और मिनी माता चौक से महाराजा चौक तक की सड़क शामिल है।
रायगढ़ में बायपास और चौड़ीकरण पर जोर
रायगढ़ जिले में सड़क विकास को विशेष प्राथमिकता दी गई है। यहां ढिमरापुर से कोतरा चौक, रायगढ़-नंदेली मार्ग और तमनार बायपास जैसे महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट्स के लिए भारी बजट मंजूर किया गया है। विशेष रूप से तमनार फोरलेन बायपास के लिए 152 करोड़ रुपये से अधिक की राशि स्वीकृत की गई है।
रायपुर और अन्य जिलों को भी मिलेगा लाभ
राजधानी रायपुर में अभनपुर-एनएच 30 मार्ग के उन्नयन के साथ राजिम क्षेत्र में नई फोरलेन सड़क बनाई जाएगी। इसके अलावा अंबिकापुर, बिलासपुर और कोटा-लोरमी-पंडरिया मार्ग को भी इस योजना में शामिल किया गया है।जशपुर जिले में भी तीन प्रमुख सड़कों को फोरलेन में अपग्रेड किया जाएगा, जिससे स्थानीय यातायात को बड़ी राहत मिलेगी।
आर्थिक विकास को मिलेगी गति
फोरलेन सड़कों के निर्माण से न केवल ट्रैफिक जाम से राहत मिलेगी, बल्कि यात्रा का समय भी कम होगा। इसके साथ ही व्यापार, कृषि, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच आसान होगी, जिससे राज्य के समग्र विकास को बढ़ावा मिलेगा।
सरकार का बयान
डिप्टी सीएम अरुण साव ने कहा कि राज्य में सुरक्षित और बेहतर आवागमन सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि यह परियोजना केवल सड़क निर्माण तक सीमित नहीं है, बल्कि इससे प्रदेश की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी और ग्रामीण-शहरी कनेक्टिविटी बेहतर होगी। छत्तीसगढ़ में 15 फोरलेन सड़कों का यह मेगा प्रोजेक्ट आने वाले समय में यातायात व्यवस्था को नया रूप देगा। इससे न केवल लोगों को सुविधा मिलेगी, बल्कि राज्य के आर्थिक और सामाजिक विकास को भी नई दिशा मिलेगी।